जौनपुर: महाराष्ट्र की मुंबई पुलिस की क्राइम ब्रांच ने उत्तर प्रदेश के जौनपुर जिले में एक बड़ी और गोपनीय कार्रवाई को अंजाम दिया है। क्राइम ब्रांच की टीम ने बरसठी थाना क्षेत्र के दो अलग-अलग गांवों में छापेमारी कर प्रतिबंधित मादक पदार्थ (एमडीएमए/MDMA) की तस्करी करने वाले एक आरोपी को गिरफ्तार किया है, जबकि उसका दूसरा साथी भागने में सफल रहा। चौंकाने वाली बात यह है कि मुंबई पुलिस ने स्थानीय थाना पुलिस को भनक दिए बिना इस पूरी रेड को अंजाम दिया और एक बड़े अंतरराज्यीय ड्रग्स रैकेट का पर्दाफाश किया।
क्राइम ब्रांच के इंस्पेक्टर नवनाथ डोले के नेतृत्व में आई टीम ने यह कार्रवाई मुंबई में पहले से दर्ज एक ड्रग्स तस्करी के मुकदमे के आधार पर की है। मुंबई में गिरफ्तार हुए एक आरोपी ने पूछताछ के दौरान खुलासा किया था कि उसके तार उत्तर प्रदेश के ग्रामीण इलाकों से जुड़े हैं और जौनपुर में उसके दो मुख्य सहयोगी पूरा सिंडिकेट चला रहे हैं। इसी सुराग पर बुधवार शाम मुंबई पुलिस ने सीधे जौनपुर में दस्तक दी।
पुलिस टीम ने सबसे पहले बरसठी क्षेत्र के बारीगांव में रहने वाले सत्यम मिश्र के घर पर अचानक छापा मारा। वहां से पुलिस ने सत्यम मिश्र को रंगे हाथों गिरफ्तार कर लिया और उसके पास से 26.56 ग्राम एमडीएमए (MDMA) बरामद की। सत्यम से तुरंत की गई कड़ाई से पूछताछ के बाद क्राइम ब्रांच ने खोइरी गांव में किशन यादव के घर पर दबिश दी। हालांकि, किशन पुलिस के पहुंचने से पहले ही फरार होने में कामयाब रहा।
फरार आरोपी किशन यादव के घर की जब सघन तलाशी ली गई, तो वहां से 66.91 ग्राम एमडीएमए ड्रग्स, नशे की कमाई से इकट्ठा किए गए 3.15 लाख रुपये कैश और नशीले पदार्थों को तौलने के लिए इस्तेमाल होने वाला एक इलेक्ट्रॉनिक छोटा तराजू बरामद हुआ।
कार्रवाई के दौरान मुंबई पुलिस ने कुल 93.47 ग्राम कीमती एमडीएमए ड्रग्स बरामद की है। इंस्पेक्टर नवनाथ डोले ने बताया कि गिरफ्तार आरोपी सत्यम मिश्र और फरार किशन यादव के खिलाफ कानूनी धाराओं के तहत विधिक कार्रवाई की जा रही है। मुंबई पुलिस अब इस बात की जांच कर रही है कि मुंबई से जौनपुर के ग्रामीण इलाकों तक फैले इस मादक पदार्थ के नेटवर्क में और कितने लोग शामिल हैं और यह ड्रग्स आगे किन-किन युवाओं तक पहुंचाई जा रही थी।
Enjoying this post?
Subscribe to Janhitmail to get deep dives like this delivered directly to your inbox .